Sahara India Refund – सहारा इंडिया में वर्षों पहले निवेश करने वाले लाखों लोगों को अब जाकर राहत मिल रही है। हाल ही में जारी किए गए एक सरकारी अपडेट के अनुसार, सहारा इंडिया के निवेशकों का पैसा देश के 17 जिलों में लौटाया जा चुका है। लंबे समय से अपने पैसों की वापसी का इंतजार कर रहे निवेशकों के लिए यह एक बड़ा फैसला माना जा रहा है। सरकार द्वारा बनाए गए CRCS-सहारा रिफंड पोर्टल के माध्यम से यह प्रक्रिया पारदर्शी ढंग से पूरी की जा रही है। जिन जिलों में यह रिफंड दिया गया है, वहां के लोगों को अब सिर्फ ऑनलाइन फॉर्म भरना होता है और वे तय समयसीमा में राशि प्राप्त कर रहे हैं। यह कदम खासकर गरीब और ग्रामीण निवेशकों के लिए राहत लेकर आया है। पैसा वापसी की यह प्रक्रिया पहली बार इतनी तेज़ी से हो रही है, जिससे लोगों में सरकार के प्रति भरोसा भी बढ़ा है। आइए जानते हैं किन जिलों में पैसा वापस किया गया है और आगे प्रक्रिया कैसी होगी।

किन जिलों में हुआ सहारा रिफंड जारी – पूरी सूची देखें
सहारा इंडिया द्वारा जिन 17 जिलों में अब तक निवेशकों को पैसा लौटाया गया है, उनमें अधिकतर उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश और राजस्थान जैसे राज्यों के जिले शामिल हैं। इनमें से कई जिलों में हजारों लोगों ने CRCS पोर्टल के माध्यम से आवेदन किया था और अब वे रिफंड प्राप्त कर चुके हैं। प्रमुख जिलों में लखनऊ, पटना, बनारस, भोपाल, जयपुर, वाराणसी, गोरखपुर और रांची शामिल हैं। सरकार द्वारा इन जिलों में प्राथमिकता के आधार पर रिफंड प्रक्रिया चलाई गई है क्योंकि यहां निवेशकों की संख्या अधिक थी। इस सूची में आगे और जिलों को जोड़ा जाएगा। जिन लोगों को अभी रिफंड नहीं मिला है, उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि सरकार चरणबद्ध तरीके से सभी जगहों पर पैसे वापस कर रही है। पूरी लिस्ट CRCS पोर्टल और राज्य सरकार की वेबसाइट पर जारी कर दी गई है जिसे आप कभी भी देख सकते हैं।
कैसे करें ऑनलाइन आवेदन और चेक करें स्टेटस
यदि आप भी सहारा इंडिया के पुराने निवेशक हैं और अभी तक पैसा वापस नहीं मिला है, तो अब आप CRCS-सहारा पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए आपके पास आधार कार्ड, सहारा निवेश प्रमाण पत्र और बैंक डिटेल्स होनी चाहिए। सबसे पहले आपको https://mocrefund.crcs.gov.in पर जाना होगा, फिर आवेदन फॉर्म भरना होगा जिसमें PAN, निवेश राशि और खाता विवरण देना होता है। आवेदन जमा होने के बाद स्टेटस चेक करने का विकल्प भी दिया गया है। कई लोग आवेदन के 30–45 दिनों के भीतर रिफंड प्राप्त कर रहे हैं। अगर दस्तावेज पूरे और सही हैं तो प्रक्रिया सुचारू रूप से पूरी हो जाती है। सरकार ने अब आवेदन की निगरानी के लिए एक हेल्पडेस्क और टोल फ्री नंबर भी शुरू किया है जिससे ग्रामीण इलाकों के लोग भी मदद ले सकें। यह पूरा सिस्टम अब पहले से अधिक पारदर्शी और तेज़ बना दिया गया है।
रिफंड मिलने से लोगों की प्रतिक्रिया
पैसा मिलने के बाद निवेशकों की प्रतिक्रिया बेहद सकारात्मक रही है। कई लोगों ने सोशल मीडिया और न्यूज चैनलों के माध्यम से बताया कि उन्हें 10–15 साल पुरानी जमा पूंजी का पैसा लौटाया गया है। कुछ लोगों ने इसे दिवाली का तोहफा बताया तो कुछ ने कहा कि अब भरोसा फिर से जागा है। खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में जहां लोग छोटी-छोटी राशि जमा करते थे, उनके लिए यह पैसा बहुत मायने रखता है। पहले जहां लोग थानों और कोर्ट का चक्कर काटते थे, अब सिर्फ ऑनलाइन फॉर्म से पैसे मिल रहे हैं। इससे सहारा ग्रुप की छवि तो सुधरी ही है, साथ ही सरकार के प्रयासों को भी लोगों ने सराहा है। बुजुर्ग निवेशकों और महिलाओं के लिए यह रकम जीवन में फिर से स्थिरता लेकर आई है। ये सारी बातें दर्शाती हैं कि अगर इच्छाशक्ति हो तो वर्षों पुरानी समस्याओं का हल निकाला जा सकता है।
अब आगे किन जिलों में मिलेगा पैसा?
सरकारी सूत्रों के अनुसार, अब अगला चरण जल्द ही शुरू किया जाएगा जिसमें नए जिलों को जोड़ा जाएगा। यह सूची हर महीने अपडेट की जा रही है। अब तक के आंकड़ों के अनुसार, अगले चरण में मेरठ, आगरा, कानपुर, दरभंगा, उज्जैन, अजमेर और सूरत जैसे जिलों को प्राथमिकता दी जा सकती है। इसके अलावा बाकी राज्यों के निवासियों के लिए भी तैयारी चल रही है। यदि आप भी रिफंड की सूची में शामिल नहीं हैं तो आने वाले महीनों में आपका नंबर आ सकता है। इसलिए समय पर आवेदन करना जरूरी है। सरकार की योजना है कि 2025 के अंत तक अधिकतम निवेशकों का पैसा लौटा दिया जाए। CRCS पोर्टल को समय-समय पर विजिट करते रहें और अपने दस्तावेज अपडेट रखें। इससे जैसे ही आपका नंबर आएगा, प्रक्रिया बिना रुकावट पूरी हो सकेगी और आप भी अपना वर्षों पुराना पैसा वापिस पा सकेंगे।
